सोमवार, 28 जुलाई 2008

उसके चेहरे की चमक के सामने, आसमां………

इफ़्तिखार3:
उसके चेहरे की चमक के सामने, आसमां………

कवि: इफ़्तिखार नसीम इफ़्ती

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