शुक्रवार, 24 अक्तूबर 2008

कैसे मैं कहूं कि मुझे ईश्क हुआ…(कैलाश खेर की आवाज़)

कैलाश
यहां वहां जहां तहां उड़ती फिरूं, कैसे मैं कहूं कि मुझे ईश्क हुआ है…………………………
धड़के यह ज़ोर ज़ोर भड़के यह चारो ओर वह क्या जाने चित चोर वह हैंचंदा मैं चकोर

गायक:कैलाश खेर

शुक्रवार, 17 अक्तूबर 2008

तेरी दीवानी…(कैलाश खेर की आवाज़)

कैलाश
प्रीत की लत मोंहे ऐसी लागी हो गयी मैं मतवारी
बल बल जाऊं अपने पिया को हे मैं जाऊं वारी

गायक:कैलाश खेर

बुधवार, 15 अक्तूबर 2008

जोगण बण बण कर घूमूं बैरागण बण बण घूमूं…(कैलाश खेर की अवाज़)

कैलाश
जोगण बण बण कर घूमूं बैरागण बण बण घूमूं
हां मैं तेरी चौखट चूमूं मैं तेरी और तू मेरा…अलबेला साजन मेरा

गायक:कैलाश खेर

शनिवार, 11 अक्तूबर 2008

चिटठी न कोई संदेश…(जगजीत सिंह की आवाज़)

जगजीत
चिटठी न कोई संदेश जाने वह कौन सा देस
जहां तुम चले गये…………………………………

गायक:जगजीत सिंह

शुक्रवार, 10 अक्तूबर 2008

गुरुवार, 9 अक्तूबर 2008

समझ सके न लोग सयाने…(नुसरत फ़तेह अली खान की आवाज़)

नुसरत
समझ सके न लोग सयाने इश्क़ का रुतबा इश्क़ ही जाने
इस दुनियां का खेल रचाया श्क़ की खातिर आप खुदा ने

गायक:नुसरत फ़तेह अली खान